बिलासावाणी_ श्री राम गोपाल गर्ग पुलिस महानिरीक्षक बिलासपुर रेंज के द्वारा पुलिस अधिकारियों/कर्मचारियों के लिए NDPS Investigation विवेचना की गुणवत्ता के सुधार विषय पर रेंज स्तरीय एक दिवसीय कार्यशाला (दिनांक २१अप्रैल२६) ऑन लाईनआयोजन पुलिस महानिरीक्षक मीटिंग हाल में किया गया। कार्यशाला में श्री आंजनेय वार्ष्णेय (भा.पु.से.) पुलिस अधीक्षक सारंगढ़, श्री पंकज पटेल अति0 पुलिस अधीक्षक बिलासपुर (शहर) ,श्री निमितेश सिंह न0पु0अ0 सिविल लाईन बिलासपुर, श्री विवेेक शर्मा उप पुलिस अधीक्षक पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय बिलासुपर रेंजकी गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम का शुभारंभ श्री गर्ग पुलिस महानिरीक्षक, बिलासपुर रेंज के द्वारा किया गया, जिसमें NDPS Investigation विवेचना के दौरान प्रकरणों में विवेचकों के द्वारा प्रकियात्मक त्रुटि की जा रही है जिससे अभियोजन का पक्ष कमजोर होने से आरोपी को प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त होता है तथा वे दोषमुक्त हो जाते हैं। विवेचना के स्तर को आधुनिक चुनौतियों के अनुरूप उन्नत करने हेतु मार्गदर्शित किया । ...
भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2) के अनुसार, जो कोई भी जानबूझकर किसी को चोट पहुँचाता है, तो उसे एक साल तक की कैद, या ₹ 10,000 तक का जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं । यह उस स्थिति को दर्शाता है जहाँ कोई व्यक्ति यह जानते हुए भी कोई ऐसा काम करता है, जिससे किसी दूसरे व्यक्ति को चोट पहुँच सकती है, जैसे मारपीट या धक्का-मुक्की। भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296 सार्वजनिक स्थानों पर अश्लील हरकतें या गाने से संबंधित है और इसके लिए तीन महीने तक की कैद, ₹1,000 तक का जुर्माना, या दोनों का प्रावधान है । इसका उद्देश्य सार्वजनिक नैतिकता और शालीनता को बनाए रखना है। यह धारा सार्वजनिक स्थानों पर किए गए ऐसे कृत्यों को दंडित करती है जो दूसरों को परेशान करने के इरादे से किए जाते हैं। क्या है अपराध : कोई भी व्यक्ति जो सार्वजनिक स्थान पर अश्लील हरकत करता है या अश्लील गाना, गाथागीत या शब्द गाता या सुनाता है। सजा : तीन महीने तक की कैद या एक हजार रुपये तक का जुर्माना या दोनों। उद्देश्य : सार्वजनिक स्थानों पर अश्ली...