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गौ माता के साथ अनाचार : धारा- 299 बीएनएस 11 (1) (ए) पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960

सन्दर्भ अपराध क्रमांक :   694/2025, थाना मस्तुरी, बिलासपुर 

पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960 की धारा 11 में उन सभी प्रकार के कृत्यों को "क्रूरता" के रूप में परिभाषित किया गया है जो पशुओं के प्रति अनावश्यक पीड़ा और कष्ट पहुंचाते हैं। इनमें पशुओं को मारना, पीटना, अधिक लादना, आवश्यकता से अधिक काम लेना, पर्याप्त भोजन-पानी न देना, और घायल या बीमार पशुओं का इलाज न कराना शामिल है। इस धारा के उल्लंघन पर दंड का प्रावधान है, जिसमें जुर्माना और कारावास दोनों शामिल हैं। 

भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 299 धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने के उद्देश्य से किए गए जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण कार्यों से संबंधित है। इसका अर्थ है कि कोई भी व्यक्ति जो जानबूझकर किसी धर्म या उसके धार्मिक विश्वासों का अपमान करता है, मौखिक, लिखित, संकेतों या इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से, उसे दंडित किया जा सकता है। 

🔸 आरोपी को गिरफ्‌तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया ।

आरोपी का नाम :- ******* उम्र 30 साल पता-गतौरा थाना मस्तुरी जिला बिलासपुर

विवरण :- मामले का सक्षिप्त विवरण इस प्रकार है प्रार्थी ^^^^^^ थाना उपस्थित आकर लिखित रिपोर्ट दर्ज कराया कि दिनांक 17.10.2025 को सुबह 09 बजे ग्राम गतौरा से ###### के द्वारा सूचना मिला कि बिती रात दिनांक 16.10.2025 को ___________ के पास ******* निवासी गतौरा ने गौ माता के साथ अनाचार किया गया है जिसका सी.सी.टी.व्ही में रिकार्डिंग है। प्रार्थी के रिपोर्ट पर अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है विवेचना में दौरान आरोपी ******* को उसके सकुनत से हिरासत में लेकर पूछताछ किया गया जो आरोपी द्वारा अपराध घटित करना स्वीकार करने आरोपी को आज दिनांक 17.10.2025 को विधिवत गिरफ्‌तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया है।

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